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ऑपरेशन प्रहार’ के तहत अफ़सरशाही का कड़ा रुख: बिल्हा पुलिस ने अवैध शराब परिवहन नेटवर्क को किया ध्वस्त, 3 आरोपी गिरफ्तार।

ऑपरेशन प्रहार’ के तहत अफ़सरशाही का कड़ा रुख: बिल्हा पुलिस ने अवैध शराब परिवहन नेटवर्क को किया ध्वस्त, 3 आरोपी गिरफ्तार
​बिल्हा/बिलासपुर (छत्तीसगढ़):
छत्तीसगढ़ शासन के ‘सुशासन’ और अपराध-मुक्त समाज के संकल्प को धरातल पर उतारते हुए बिलासपुर पुलिस ने एक बार फिर कानून सम्मत मुस्तैदी का परिचय दिया है। जिले में अवैध मादक पदार्थों के क्रय-विद्यय और परिवहन के समूल नाश के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन प्रहार’ के अंतर्गत, बिलासपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) के कुशल मार्गदर्शन में बिल्हा थाना पुलिस ने एक महत्वपूर्ण विधिक सफलता अर्जित की है। पुलिस ने मुखबिर की सटीक एवं विश्वसनीय सूचना पर त्वरित घेराबंदी करते हुए अवैध शराब के अंतर-क्षेत्रीय परिवहन में संलिप्त तीन आरोपियों को अभिरक्षा में लिया है। इस सफल कार्रवाई में कानून के इकबाल ने मुस्तैदी दिखाते हुए अवैध वाहन और शराब की खेप को मौके पर ही जब्त किया।
​### गुप्त सूचना और घेराबंदी के आधार पर विधिक अनुसंधान
​प्राप्त आधिकारिक विवरण के अनुसार, बिलासपुर पुलिस प्रशासन को लगातार यह इनपुट मिल रहे थे कि कुछ असामाजिक तत्व दोपहिया वाहनों (मोटरसाइकिल और स्कूटी) का दुरुपयोग कर चोरी-छिपे अवैध शराब की तस्करी कर रहे हैं। इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए थाना प्रभारी निरीक्षक तोपसिंह नवरंग के नेतृत्व में पुलिस टीम ने आमापारा बिल्हा एवं डोडकीभाठा क्षेत्र में रणनीतिक रूप से विधिक नाकेबंदी की।
​सघन जांच के दौरान संदिग्ध वाहनों को रोककर जब तलाशी ली गई, तो पुलिस ने मौके से 80 पाव देशी मदिरा (कुल मात्रा 14.400 लीटर) की अवैध खेप के साथ ही परिवहन में प्रयुक्त एक मोटरसाइकिल और एक स्कूटी को विधिवत जब्त (Seize) कर राजसात करने की वैधानिक प्रक्रिया शुरू कर दी है।
​### आरोपियों की पहचान और गैर-जमानती धाराओं के तहत मामला दर्ज
​पुलिस प्रशासन द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान भागवत प्रसाद भारद्वाज (46 वर्ष), मंगल कुर्रे (28 वर्ष) और दुर्गेश दास मानिकपुरी (21 वर्ष) के रूप में हुई है। कानून के शासन और स्थापित प्रक्रियाओं का पालन करते हुए, पुलिस ने सभी आरोपियों के विरुद्ध छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम की सुसंगत और गैर-जमानती धाराओं 34(2) एवं 59(क) के तहत आपराधिक मामला पंजीबद्ध किया है। माननीय न्यायालय के समक्ष विधिक औपचारिकताएं पूर्ण करने के पश्चात सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड (Judicial Remand) पर जेल भेज दिया गया है।
​### सजग पत्रकारों और प्रबुद्ध नागरिकों ने की कार्यप्रणाली की सराहना
​बिल्हा पुलिस की इस त्वरित और समाज-हितैषी कार्रवाई की सराहना करते हुए क्षेत्र के प्रबुद्ध वर्ग और सजग पत्रकारों ने इसे कानून-व्यवस्था सुदृढ़ करने वाला कदम बताया है। वरिष्ठ पत्रकारों ने अपने वक्तव्य में रेखांकित किया कि:
​”भारत का संविधान प्रत्येक नागरिक को एक स्वस्थ, सुरक्षित और शांतिपूर्ण सामाजिक वातावरण प्रदान करने का अधिकार देता है। अफ़सरशाही और पुलिस तंत्र की ऐसी निष्पक्ष और कठोर कार्रवाई ही ‘सुशासन’ की वास्तविक आधारशिला है। मादक पदार्थों के अवैध कारोबार पर इस तरह का कड़ा प्रहार युवाओं को पथभ्रष्ट होने से बचाने में मील का पत्थर साबित होगा।”
​### निष्कर्ष एवं पुलिस प्रशासन की वैधानिक अपील
​इस महत्वपूर्ण विधिक कार्रवाई के निष्कर्ष रूप में पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध शराब की बिक्री और परिवहन के खिलाफ यह अभियान अनवरत रूप से जारी रहेगा तथा इस प्रकार के अवैध कारोबार में संलिप्त तत्वों के विरुद्ध भविष्य में भी ऐसी ही सख्त दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
​इसके साथ ही पुलिस प्रशासन ने प्रेस और मीडिया के माध्यम से आम जनमानस से यह वैधानिक अपील भी की है कि समाज में शांति व्यवस्था बनाए रखने और अपराधों की रोकथाम के लिए किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें, ताकि समय रहते त्वरित वैधानिक कदम उठाए जा सकें। संवैधानिक मर्यादाओं की रक्षा और नागरिक सुरक्षा के लिए पुलिस की ऐसी दृढ़ता सदैव अनिवार्य है।

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