बोदरी ले समुद्र शास्त्री अउ जम्मो सनातनी समाज के शंकराचार्य जी ला पूरा सहारा”
सनातनी मन के लहू के एक-एक बूंद ये धरमजुद्ध बर हे: बोदरी ले समुद्र शास्त्री अउ जम्मो सनातनी समाज के शंकराचार्य जी ला पूरा सहारा”
बोदरी (छत्तीसगढ़)
परम पूज्य जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती जी महाराज के चलाए ‘गविष्टि’ (गौ रक्षार्थ धर्मयुद्ध) के समर्थन में आज हमर बोदरी तहसील म एक ठन विशेष शोक अउ संकल्प सभा राखिस। ये कार्यक्रम म मुख्य रूप ले पंडित श्रवण दुबे ‘समुद्र शास्त्री’ उपस्थित रहिन। छत्तीसगढ़ के ये पावन भुइयां ले ओमन देवरिया म महाराज श्री के दिए गोठ ला पूरा सहारा देवत अपन अटूट समर्थन जताइस।
बोदरी शोक सभा के मुख्य बात मन:
सरधांजली अउ किरिया (संकल्प): बोदरी म होय ये शोक सभा म गउ माता के अभी के हालत ला देख के सबो झन चिंता जताइन। सभा म आए जम्मो मनखे मन रोवत-गावत गउ सेवा के संकल्प लीन अउ कहिन कि शंकराचार्य जी के ये आंदोलन ला अब दुनिया भर म फैलाबो।
समुद्र शास्त्री के हुंकार: सभा ला संबोधित करत समुद्र शास्त्री हा गरज के कहिस— “गउ माता ला ‘राष्ट्र माता’ घोषित करवाना हमर संबिधानिक अउ धरम के अधिकार हे। ये काम बर सनातनी समाज के लहू के एक-एक बूंद समर्पित हे।” ओमन कहिन कि महाराज श्री के ‘चतुरंगिनी सेना’ वाला गोठ ला हमन घर-घर तक पहुँचाबो।
दुनिया भर म नेवता: विश्व हिंदू महासभा के रद्दा देखाय म बोदरी ले ये संदेस भेजे गिस कि गौ रक्षा के ये लड़ाई सिरिफ उत्तर प्रदेश के नो हे, बल्कि छत्तीसगढ़ समेत पूरा दुनिया म सनातनी मन ला एक करही।
शंकराचार्य जी के वो मांग मन जेला बोदरी म दोहराय गिस:
गउ माता ला ‘पसु’ के सूची ले हटा के ओला पूजे के लायक अलग सूची म रखे जाय।
सरकारी कागज म गाय बर ‘मवेसी’ या ‘Cattle’ जैसे अपमान वाला सब्द मन के परयोग तुरंते बंद होय।
महाराष्ट्र सरकार कस दूसर राज्य घलो गाय ला ‘राज्य माता’ के दरजा देवंय।
पंडित श्रवण दुबे ‘समुद्र शास्त्री’ हा आखिरी म बताइस कि आवइया २४ जुलाई के लखनऊ म होवइया विशाल मेला म बोदरी अउ छत्तीसगढ़ ले भारी संख्या म सनातनी भाई मन अपन हाजिरी लगाहीं।
जय गौ माता, जय सनातनी!


सनातनी मन के लहू के एक-एक बूंद ये धरमजुद्ध बर हे: बोदरी ले समुद्र शास्त्री अउ जम्मो सनातनी समाज के शंकराचार्य जी ला पूरा सहारा”