तहसीलदार न्यायालय के आदेश के बाद भी नहीं थमी प्रताड़ना, पीड़ित को जान से मारने की धमकी
तहसीलदार न्यायालय के आदेश के बाद भी नहीं थमी प्रताड़ना, पीड़ित को जान से मारने की धमकी
मुंगेली
तहसीलदार न्यायालय मुंगेली द्वारा भूमि विवाद प्रकरण में स्पष्ट आदेश पारित किए जाने के बावजूद पीड़ित पक्ष को लगातार परेशान किए जाने का मामला सामने आया है। न्यायालय के आदेश के बाद विपक्षियों को नोटिस मिलने पर उनकी गतिविधियाँ और भी आक्रामक हो गई हैं।


प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम कंतेली निवासी सुमन प्रसाद पिता स्व. मोतीलाल की कृषि भूमि खसरा नंबर 230/1 एवं 230/2, कुल रकबा 0.910 हेक्टेयर पर अवैध कब्जे का मामला न्यायालय में विचाराधीन था। राजस्व निरीक्षक की सीमांकन रिपोर्ट के आधार पर तहसीलदार मुंगेली ने अवैध कब्जा हटाकर भूमि स्वामी को वापस दिलाने का आदेश पारित किया था।
न्यायालय के आदेश के अनुसार, विपक्षियों नंदलाल पिता नंदू सतनामी एवं उमाशंकर पिता जेदू सतनामी द्वारा किए गए अवैध कब्जे को हटाने के निर्देश दिए गए थे तथा राजस्व विभाग के अधिकारियों को आदेश के पालन की जिम्मेदारी सौंपी गई थी।
हालांकि आदेश पारित होने और विपक्षियों को नोटिस मिलने के बाद भी पीड़ित सुमन प्रसाद की परेशानियाँ कम नहीं हुईं। पीड़ित का आरोप है कि आदेश से नाराज विपक्षी लगातार उन्हें मानसिक व शारीरिक रूप से प्रताड़ित कर रहे हैं। उन्हें जान से मारने की धमकी दी जा रही है तथा पानी और अन्य आवश्यक सुविधाएँ बंद करने का प्रयास किया जा रहा है।
पीड़ित सुमन प्रसाद ने बताया कि वह लगातार भय और तनाव के माहौल में जीवन व्यतीत कर रहे हैं। न्यायालय से न्याय मिलने के बावजूद उन्हें सुरक्षा और शांति नहीं मिल पा रही है। परिवार सहित वे डरे हुए हैं और किसी अनहोनी की आशंका बनी हुई है।
पीड़ित ने प्रशासन से मांग की है कि न्यायालय के आदेश का सख्ती से पालन कराया जाए, अवैध कब्जाधारियों पर कठोर कार्रवाई की जाए तथा उन्हें सुरक्षा प्रदान की जाए, ताकि वे बिना भय के अपनी भूमि पर जीवन यापन कर सकें।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते प्रशासन ने हस्तक्षेप नहीं किया, तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। न्यायालय के आदेश के बावजूद उत्पीड़न होना कानून-व्यवस्था पर भी सवाल खड़े करता है।
अब देखना होगा कि जिला प्रशासन और पुलिस विभाग इस मामले में क्या कदम उठाते हैं और पीड़ित को कब तक न्याय के साथ सुरक्षा मिल पाती है।
