मुंगेली: गणेश विसर्जन के दौरान गोंड आदिवासी समाज पर जातिसूचक टिप्पणी का आरोप, पुलिस अधीक्षक से FIR दर्ज करने की मांग
छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहाँ गोंडवाना गणतंत्र पार्टी और गोंड आदिवासी समाज ने ग्राम चंदली के सरपंच पति तुकाराम राजपूत पर सार्वजनिक रूप से समाज के खिलाफ अपमानजनक एवं जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करने का आरोप लगाया है। इस संबंध में समाज के पदाधिकारियों ने पुलिस अधीक्षक मुंगेली को पत्र सौंपकर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

मुख्य बातें:
घटना की तारीख व स्थान: यह घटना 27 सितंबर 2026 को ग्राम चंदली (तहसील पथरिया, जिला मुंगेली) में गणेश विसर्जन कार्यक्रम के दौरान हुई।
आरोपी: तुकाराम राजपूत (पिता भागवत सिंह राजपूत), जो कि ग्राम पंचायत चंदली की महिला सरपंच के पति हैं।
आरोप: शिकायत पत्र के अनुसार, आरोपी ने गणेश विसर्जन के दौरान सार्वजनिक स्थान पर पूरे गोंड आदिवासी समाज को निशाना बनाते हुए आपत्तिजनक व जातिसूचक गालियां दीं।

कानूनी मांग: शिकायतकर्ताओं ने इस कृत्य को भारतीय न्याय संहिता (BNS) और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 की धारा 3(1)(त)(s) के तहत दंडनीय अपराध बताते हुए आरोपी पर FIR दर्ज करने की मांग की है।

आक्रोश: इस घटना के बाद से पूरे गोंड आदिवासी समाज में भारी आक्रोश और मानसिक पीड़ा व्याप्त है।
आवेदन पत्र पर पुलिस अधीक्षक कार्यालय मुंगेली की आवक सील (दिनांक 29/09/2026) लगी हुई है। समाज के प्रतिनिधियों का कहना है कि अगर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आगे कड़ा रुख अपनाया जाएगा।
